PM Fasal Bima Yojana: भारत देश एक कृषि आधारित देश है। पिछले कुछ वर्षों में मौसम का मिजाज लगातार बदल रहा है जिसका असर सीधा खेती पर देखने को मिल रहा है इन सभी हालातो का निरीक्षण करते हुए सरकार ने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना में बड़ा कदम उठाया है। मौसम में लगातार बदलाव होने तथा वे मौसम बारिश होने वाला वृष्टि या फिर अन्य किसी कारण किसानों को खेती में काफी नुकसान हो रहा है इसके लिए सरकार ने किसानों को फसल नुकसान पर 75% तक का मुआवजा देने का फैसला किया है।

सरकार ने लिया बड़ा फैसला
देश भर में फसल बीमा योजना कई वर्षों से चली आ रही है जिसके तहत किसानों को खेती में हुए आकाश में नुकसान को कम करने के लिए आर्थिक सहायता की जाती है। लेकिन पिछले दो से तीन वर्षों में किसानों को खेती में काफी नुकसान हो रहा है जिसको मध्य नजर रखते हुए सरकार ने फसल बीमा योजना (PM Fasal Bima Yojana) में संशोधन कर मुआवजे की राशि को बढ़ाई है। सरकार के इस बड़े बदलाव से छोटे और सीमांत किसानों को काफी राहत मिलेगी।
फसल बीमा योजना में मिलेगा 5 लाख तक का फ्री इलाज
हाल ही में सरकार ने कई राज्यों में फसल बीमा योजना से जुड़े किसानों को स्वास्थ्य बीमा से भी जोड़ा है इसमें यदि कोई किसान या उसका परिवार किसी आपदा की स्थिति में घायल होता है तो उन्हें ₹500000 तक का फ्री इलाज की सेवा दी जाएगी आपको बता दे कि यह सुविधा कई राज्यों में पायलट प्रोजेक्ट के रूप में भी शुरू की गई है और अब जल्द ही इस सुविधा को देशभर के सभी राज्यों में लागू किया जाएगा।
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खेती में हुए नुकसान की भरपाई करेगी सरकार
फसल बीमा योजना का मुआवजा उस स्थिति में मिलेगा जिसमें किसानों को खेती के दौरान आकस्मिक नुकसान हुआ हो जैसे कि कई इलाकों में ओलावृष्टि, सुखा, बाढ़ या फिर बेमौसम बारिश की वजह से खेती किसानी में भारी नुकसान हुआ हो। किसानों के हित में शुरू की गई यह एक बहुत ही अच्छी पहल है। हर साल खरीब और रबी दोनों फसलों पर यह बीमा राशि सरकार द्वारा किसानों को दी जाती है। कई राज्यों में किसानों को खेती में 60% तक की बर्बादी हुई है लेकिन फसल बीमा योजना की वजह से किसानों को इस नुकसान की भरपाई हो जाती है।
कैसे मिलेगा मुआवजा
फसल बीमा योजना के तहत किसानों को मुआवजा प्राप्त करने के लिए कुछ जरूरी बातों का ध्यान होना आवश्यक है जैसे कि किसी आपदा के कारण खेती में नुकसान हुआ है उस समय हुए नुकसान के 72 घंटों के भीतर रिपोर्ट करना जरूरी है। फसल बीमा केवल उन किसानों को मिलता है जो अपनी खेती के लिए फसल बीमा योजना के लिए आवेदन कर रखा हो। आवेदन प्रक्रिया ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों तरीकों से की जाती है। आवेदन के लिए किस के पास आधार कार्ड बैंक खाता विवरण भूमि अभिलेख और फसल की जानकारी होनी जरूरी है।
सरकार ने इस बार 2852 करोड़ की बीमा राशि स्वीकृत की है जिसे पात्र किसानों को उनके बैंक खातों में भेजी जा रही है। इससे किसानों को काफी राहत मिली है।